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नाग पंचमी पूजा विधि पवित्र सांपों की पूजा

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लेखक
दीपा कृष्णन
ग्रह गोचर, ग्रहण और रत्न उपायों पर स्तंभकार।
Nag Panchami Puja Vidhi Sacred Snake Worship

कल्पना कीजिए कि एक ब्रह्मांडीय सांप पृथ्वी के नीचे कुंडली मारकर बैठा है, उसका फन फैला हुआ है, और वह हमारे ग्रह के सभी जीवों की रक्षा कर रहा है। नाग पंचमी इसी दिव्य सरीसृप को मनाती है—डर के साथ नहीं, बल्कि सम्मान और कृतज्ञता के साथ। इस पवित्र दिन पर भारत भर में लाखों भक्त नाग देवताओं (सांपों के देवताओं) को सम्मानित करने के लिए पूजा-पाठ करते हैं, और उनसे सुरक्षा, समृद्धि और आध्यात्मिक जागृति का आशीर्वाद मांगते हैं।

आपको जो चीजें चाहिए (पूजा सामग्री)

पूरी भक्ति के साथ नाग पंचमी की पूजा करने के लिए ये पवित्र सामग्रियां इकट्ठा करें:

  • दूध [दूध] — नाग देवताओं को प्रसन्न करने का मुख्य प्रसाद
  • फूल [पुष्प] — गेंदा, चमेली और कमल की पंखुड़ियां वेदी के लिए
  • अगरबत्ती [अगरबत्ती] — दिव्य उपस्थिति का आह्वान करने के लिए
  • घी का दीपक [दीया] — रोशनी के लिए शुद्ध घी का दीपक
  • कलश [पवित्र तांबे का बर्तन जिसमें पानी और आम के पत्ते हों]
  • चावल के दाने [चावल] — पूजा के उद्देश्य के लिए बिना टूटे अनाज
  • मिठाइयां या फल [नैवेद्य] — देवताओं को भोजन का प्रसाद
  • सिंदूर [सिंदूर] — आशीर्वाद के निशान के लिए पवित्र लाल पाउडर
  • हल्दी पाउडर [हल्दी] — भाग्यशाली शुद्धिकरण मसाला
  • घंटी [घंटी] — दिव्य ध्यान का आह्वान करने के लिए
  • बेसन या आटा [आटा] — रंगोली बनाने के लिए
  • नारियल [नारियल] — शुभता के लिए पूरा नारियल

चरण-दर-चरण पूजा विधि

चरण 1: नाग पंचमी की सुबह जल्दी उठें और शुद्धिकरण स्नान करें। सफेद या पीले रंग के कपड़े पहनें ताकि पवित्रता और आध्यात्मिक तैयारी का संकेत मिले।

चरण 2: अपने घर की उत्तर दिशा में एक साफ जगह चुनें, क्योंकि यह कुबेर (धन) और सांपों की सुरक्षा से जुड़ी है। यहां अपनी वेदी के लिए एक कपड़ा या मैट बिछाएं।

चरण 3: बेसन को पानी में मिलाकर रंगोली [रंगीन फर्श डिजाइन] बनाएं। सांपों की कुंडली, फन के पैटर्न या ज्यामितीय डिजाइन बनाएं जो आपको पसंद हों। यह नाग ऊर्जा को आपके पवित्र स्थान में आमंत्रित करता है।

चरण 4: कलश (पवित्र तांबे का बर्तन) को अपनी रंगोली के केंद्र में रखें। इसे पानी से भरें और इसके मुंह में आम के पत्ते डालें। यह ब्रह्मांडीय सांप अनंत का प्रतीक है, जो सभी सृष्टि को संभालता है।

चरण 5: कलश के चारों ओर अपने फूलों, अगरबत्ती और दीपक को व्यवस्थित करें। घी के दीपक को सम्मान के साथ जलाएं—यह अलौकिक चेतना से आपको जोड़ता है।

चरण 6: नाग देवताओं (सांपों के देवताओं) का आह्वान करने के लिए तीन बार घंटी बजाएं और झुकें। "ॐ नमः शिवाय" या "नाग देवता नमस्तुते" (मैं सांपों के देवता को प्रणाम करता हूं) का जाप करें ताकि आपका इरादा केंद्रित हो।

चरण 7: कलश को फूलों का प्रसाद दें, और मानसिक रूप से सांपों की ऊर्जा की कल्पना करें—न कि खतरनाक के रूप में, बल्कि सुरक्षात्मक और बुद्धिमान के रूप में। भक्ति के निशान के रूप में फूलों पर हल्दी और सिंदूर डालें।

चरण 8: कलश के ऊपर धीरे-धीरे दूध डालें, जबकि नाग मंत्र का जाप करें: "अनंत, वासुकि, तक्षक, कर्कोटक, पद्म—मैं सभी सांपों के राजाओं को सम्मानित करता हूं।" अगर आप संस्कृत नहीं जानते, तो बस पूरी भक्ति के साथ "नाग देवता" दोहराएं।

चरण 9: कलश के सामने मिठाइयां, फल या खाद्य पदार्थ का प्रसाद दें। ये पोषण और सांपों की भूमिका के लिए आभार का प्रतीक हैं, जो ब्रह्मांडीय संतुलन बनाए रखते हैं।

चरण 10: 10-15 मिनट तक शांत ध्यान में बैठें। कल्पना करें कि सुरक्षात्मक सांपों की ऊर्जा आपके घर और प्रियजनों को घेरे हुए है, आपको नुकसान और नकारात्मकता से बचाते हुए।

चरण 11: आरती (रोशनी का पवित्र प्रसाद) करें, जलते दीपक को कलश के सामने सात बार दक्षिणावर्त घुमाएं, जो पूर्ण पूजा चक्र का प्रतीक है।

चरण 12: आशीर्वादित भोजन (प्रसाद) को परिवार के सदस्यों में बांटें, आदर्श रूप से आप भी एक हिस्सा खाएं ताकि आप आशीर्वाद को आत्मसात कर सकें।

सबसे अच्छा समय (शुभ मुहूर्त)

नाग पंचमी श्रावण मास (जुलाई-अगस्त) की शुक्ल पक्ष (चमकदार पखवाड़े) की पंचमी तिथि (पांचवें दिन) को आती है। इस साल के लिए सटीक तारीख जानने के लिए अपने पंचांग का परामर्

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